खोजे गए परिणाम

सहेजे गए शब्द

"फ़ौज का आगा बरात का पीछा भारी होता है" शब्द से संबंधित परिणाम

फ़ौज का आगा बरात का पीछा भारी होता है

सेना के आक्रमण का रोकना और शादी के बाद व्यय का प्रबंध करना और इन दोनों कार्यों को समापन पर पहुँचाना बहुत कठिन है

आगा-पीछा लेना

आगा-पीछा करना

हिचकिचाना, हिचकना, सोच विचार करना

बनिये का बहकाया और जोगी का फटकारा ख़राब होता है

लड़ाई का पीछा भारी होता है

लड़ाई की तीव्रता अंत में अधिक होती है, युद्ध का परिणाम बाद में दिखता है

सौ रूपए में एक बोतल का नशा होता है

दौलत इंसान को ग़ाफ़िल और मुतकब्बिर करदेती है

शब-बरात का चाँद

अरबी कैलेंडर का आठवां महीना (भारतीय उपमहाद्वीप की महीलाओं में प्रचलित

मर्दों का एक क़ौल होता है

मर्द जो कहते हैं वो करते हैं और अपनी बात पर क़ायम रहते हैं

करना ख़ुदा का किया होता है

क्या वाक़िया पेश आता है, अजीब वाक़िया पेश आता है, तसलसुल-ए-कलाम के लिए मुस्तामल

तिनके का एहसान भी बहुत होता है

आँखों पर पलकों का बोझ कब होता है

जिस से मुहब्बत होती है वो दिल पर गिरां नहीं गुज़रता, जो अपने तन बदन का जुज़ु हो उसे सब चाहते हैं

करना और ख़ुदा का क्या होता है

परसों का होता कल और कल का होता आज

ऐसे मवाक़े पर कहते हैं जहां बहुत उजलत ज़ाहिर करना मंज़ूर हो

दरख़्त का हाल फलों से मा'लूम होता है

वृक्ष अपने फल से ही जाना जाता है, मनुष्य अपने कर्मों से अच्छा या बुरा होता है, सब कुछ उसके परिणाम से जाना जाता है

मुर्ग़ी के लिये तकले का ज़ख़्म भी बहुत होता है

रुक : मुर्ग़ी को तकले का घाओ बस अलख

सेह बंदी के प्यादे का आगा पीछा बराबर है

चंद रोज़ा हाकिम की कोई इज़्ज़त और रोब-ओ-दबदबा नहीं होता, ना पाएदार का अदम-ए-वजूद बराबर है

ख़ाविंद चोन का भी बुरा होता है

मालिक अगर आटे का बना हुआ भी हो तो बुरा होता है मतलब ये है कि चाहे मालिक कितना सीधा और नेक हो मगर ख़िदमतगार को हमेशा बुरा लगता है

शब-बरात का घड़ा

मुस्लमानों में यह प्रथा प्रचलित है कि शब्ब-बरात के दिन मृतकों का फ़ातिहा पढ़ कर भिक्षुकों को खाना खिलाते हैं

वही होता है जो मंज़ूर-ए-ख़ुदा होता है

(मिसरा बतौर फ़िक़रा मुस्तामल) क़िस्मत की बात हर हाल में वाक़्य होकर रहती है, मुक़द्दर का लिखा टलता नहीं, जब कोई आदमी किसी के साथ बुराई करता है और दूसरा इस आंच से महफ़ूज़ रहता है तो उस वक़्त भी ये मिसरा पढ़ते हैं

कबूतर-ख़ाने का सा हाल है, एक आता है, एक जाता है

वहाँ कहते हैं जहाँ बहुत से नौकर हों

ऐसा कहाँ का है

आपका क़त'-ए-कलाम होता है

जब कोई व्यक्ति कुछ कहता है और दूसरा व्यक्ति बातचीत के दौरान उसे रोककर कुछ कहना चाहता है, तो वह इस वाक्य का उपयोग करता है

वक़्त-वक़्त का राग अच्छा होता है

हर चीज़ अपनी परिस्थिति और जगह के हिसाब से अच्छी होती है

आम्ला का खाया बुज़ुर्ग का फ़रमाया पीछे मा'लूम होता है

मुँह किस का है

यूँ भी होता है

यूँ भी है, ऐसे भी होता है, इस तरह भी होता है

खिलाए का नाम नहीं , रोलाए का नाम है

गृहस्ती का काम राँड का चर्ख़ा है

गृहस्ती का धुंद ख़त्म नहीं होता

धूनी-पानी का संजोग है

बहुत विरोध है

आँच का खेल है

(बावर्चियों और कीमिया गुरों वग़ैरा की बोल चाल) जब कई चीज़ पकाने या तपाने में बिगड़ जाती है तो कहते हैं ये तो आंच का खेल है यानी ज़रा आंच कड़ी हो गई, तो ख़राबी और ज़रा आंच धीमी हुई तो ख़राबी . मतलब ये है कि नाज़ुक और मुश्किल काम है

फूँस का तापना है

बेबुनियाद काम है, चंद रोज़ा ख़ुशी है, बेफ़ाइदा उम्मीद करना

कहाँ का इरादा है

(इरादा की जगह इरादे भी प्रयुक्त है) कहाँ का मक़सद है, किधर जाते हो, कहाँ चले

रहतों का घर नहीं होता

असल आबादी मालिक ही से होती है

कोई किसी का नहीं होता

किसी के दुख में कोई साझेदार नहीं होता

किस का मुँह है

۔۔ किसे ताक़त है।

आप का मुँह है

आप का पास है

अमीर का पाद भी ख़ुश्बूदार होता है

दौलत जुमला उयूब की पर्दापोशी करती है

रात माँ का पेट है

आप का घर कहाँ है

जो शख़्स बेवक़ूफ़ों की सी बातें करता है इस से कहते हैं मतलब ये होता है कि आप बड़े नादान हैं

ये ज़माना का हाल है

इस ज़माने के लोगों का क्या हाल है

ये ज़माने का हाल है

इस ज़माने के लोगों को बुरा हाल है, किसी अफ़सोस के मौक़ा पर मुस्तमिल

खाँड खारी का एक भाव है

सख़्त बदइंतिज़ामी के मौक़ा पर कहते हैं, टिके सैर भाजी टिके सैर खाजा

यहाँ का बाबा-आदम ही निराला है

यहाँ की जो बात है वह ज़माने से नई और अनोखी है, यहाँ की या इस घर की हर बात अनोखी है, इस जगह की हर बात अलग है

मा'लूम होता है

۔ख़्याल गुज़रता है।नज़र आता है।दिखाई देता है

जोरू का मरना घर का ख़राबा है

पत्नी के मरने से घर उजड़ जाता है

दाएँ हाथ का खाया हराम है

अह्द या किस्म का एक अंदाज़ कि जब तक अपने दावे को पूरा ना कर लूं, खाना बहुमंज़िला हराम है

दाएँ हाथ का खाना हराम है

अह्द या किस्म का एक अंदाज़ कि जब तक अपने दावे को पूरा ना कर लूं, खाना बहुमंज़िला हराम है

मान का आँकस ज्ञान है

इलम से एतिक़ाद और यक़ीन पैदा होता है

आगा सँभालना

आइन्दा का बंद-ओ-बस्त करना

एक हुनर और एक 'ऐब सब में होता है

हर आदमी में कोई न कोई गुण और अवगुण होता है, कोई व्यक्ति नितांत बेकार या बे-ऐब या निर्दोष नहीं होता

नौ मुट्ठी का ऊँट है

पूरा अहमक़ है

खिलाए का नाम नहीं, रुलाए का नाम हैं

हसन-ए-सुलूक और हसन-ए-ख़िदमत की कोई दाद नहीं देता मगर बुरी बात की फ़ौरन गिरिफ़त हो जाती है

राजा का परचाना और साँप का खिलाना बराबर है

बादशाहों और हुकमरानों की मुसाहिबत में हरवक़त ख़तरा होता है

ब्याही बेटी का रखना हाथी का बाँधना है

शादी करने के बाद बेटी का अपने घर रखना मसारिफ़ वग़ैरा के लिहाज़ से इतना ही भारी है जितना हाथी पालना मुश्किल होता है

सारा खेल रूपे-पैसे का है

कामयाबी और इक़तिदार का इन्हिसार दौलत पर है

घर में जोरू का नाम बहू बेगम रख लेने से क्या होता है

अपनी इज़्ज़त अपने मुँह से नहीं हुआ करती

सौ 'ऐबों का एक 'ऐब नादारी है

मश'अल्ची अंधा होता है

मशाल दिखाने वाले को उससे निकटता के कारण नहीं दिखाई देता, दूसरे को रस्ता बताने वाला, ख़ुद रास्ते से भटका हुआ

परिस्तान का 'आलम है

इन्दर का उखाड़ा उतरा हुआ है, बहिश्त का सा लुतफ़, बड़ी कैफ़ीयत आरही है

'औरत का राज है

उस समय कहते हैं जब कोई आदमी अपनी पत्नी के हाथ में हो, जिस घर में स्त्री की चलती हो, वहाँ यह कहावत कहते हैं, मलिका विक्टोरिया के ज़माने में यह बात प्रायः कही जाती थी

हिन्दी, इंग्लिश और उर्दू में फ़ौज का आगा बरात का पीछा भारी होता है के अर्थदेखिए

फ़ौज का आगा बरात का पीछा भारी होता है

fauj kaa aagaa baraat kaa piichhaa bhaarii hotaa haiفَوج کا آگا بَرات کا پیچھا بھاری ہوتا ہے

कहावत

फ़ौज का आगा बरात का पीछा भारी होता है के हिंदी अर्थ

 

  • सेना के आक्रमण का रोकना और शादी के बाद व्यय का प्रबंध करना और इन दोनों कार्यों को समापन पर पहुँचाना बहुत कठिन है
rd-app-promo-desktop rd-app-promo-mobile

English meaning of fauj kaa aagaa baraat kaa piichhaa bhaarii hotaa hai

 

  • it is very difficult to stop the army invasion and manage the expenses after marriage and to take both these tasks to the end.

فَوج کا آگا بَرات کا پیچھا بھاری ہوتا ہے کے اردو معانی

 

  • فوج کے حملے کا روکنا اور شادی کے بعد خرچ کا بندوبست کرنا اور ان دونوں کاموں کا اختتام پر پہونچانا بہت دشوار ہے

सूचनार्थ: औपचारिक आरंभ से पूर्व यह रेख़्ता डिक्शनरी का बीटा वर्ज़न है। इस पर अंतिम रूप से काम जारी है। इसमें किसी भी विसंगति के संदर्भ में हमें dictionary@rekhta.org पर सूचित करें। या सुझाव दीजिए

संदर्भग्रंथ सूची: रेख़्ता डिक्शनरी में उपयोग किये गये स्रोतों की सूची देखें .

सुझाव दीजिए (फ़ौज का आगा बरात का पीछा भारी होता है)

नाम

ई-मेल

प्रतिक्रिया

फ़ौज का आगा बरात का पीछा भारी होता है

चित्र अपलोड कीजिएअधिक जानिए

नाम

ई-मेल

प्रदर्शित नाम

चित्र संलग्न कीजिए

चित्र चुनिए
(format .png, .jpg, .jpeg & max size 4MB and upto 4 images)
बोलिए

Delete 44 saved words?

क्या आप वास्तव में इन प्रविष्टियों को हटा रहे हैं? इन्हें पुन: पूर्ववत् करना संभव नहीं होगा

Want to show word meaning

Do you really want to Show these meaning? This process cannot be undone

Recent Words